supreme court:सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि पुलिस हिरासत में हिंसा और मौतें व्यवस्था पर कलंक है और देश अब इसे बर्दाश्त नहीं करेगा। पुलिस थानों में कार्यशील सीसीटीवी न होने से संबंधित खुद से संज्ञान लिए मामले की सुनवाई के दौरान जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की बेंच ने अपने आदेश का हवाला देते हुए कहा कि राजस्थान में आठ महीनों में 11 मौतें पुलिस हिरासत में हुई।

सुप्रीम कोर्ट कोर्ट ने शेष राज्यों और UTs को तीन सप्ताह का समय दिया और सुनवाई 16 दिसंबर के लिए सूचीबद्ध कर दी। अगर तब तक हलफनामा न दिया गया, तो उन राज्यों/UT’s के गृह विभाग के प्रमुख सचिव को कोर्ट में व्यक्तिगत रूप से आना होगा।
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