Tobacco Day: लखनऊ, 11 मार्च 2026: डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान (डॉ. आरएमएलआईएमएस), लखनऊ के पल्मोनरी मेडिसिन विभाग द्वारा मनोचिकित्सा विभाग के सहयोग से विश्व तंबाकू निषेध दिवस एवं पल्मोनरी रिहैबिलिटेशन सप्ताह के अवसर पर एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य तंबाकू सेवन के दुष्प्रभावों के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना तथा स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देना था।
यह कार्यक्रम संस्थान के माननीय निदेशक डॉ. सी. एम. सिंह, सीएमएस डॉ. विक्रम सिंह, एमएस डॉ. अरविंद सिंह तथा कार्यकारी रजिस्ट्रार डॉ. शुभ्रत चंद्रा के मार्गदर्शन एवं संरक्षण में आयोजित किया गया, जिनके सहयोग से कार्यक्रम का सफल आयोजन संभव हो सका।
तंबाकू और निकोटिन की लत की समस्या पर ध्यान केंद्रित किया गया
इस पहल का नेतृत्व पल्मोनरी मेडिसिन विभाग के अध्यक्ष डॉ. अजय कुमार वर्मा ने किया। उनके साथ विभाग के संकाय सदस्य डॉ. जिलानी एवं डॉ. हेमंत कुमार तथा उनकी टीम ने कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्यक्रम में विशेष रूप से युवाओं में बढ़ती तंबाकू और निकोटिन की लत की समस्या पर ध्यान केंद्रित किया गया और इसके प्रति प्रारंभिक जागरूकता एवं रोकथाम की आवश्यकता पर बल दिया गया।

कार्यक्रम का विषय था “Unmasking the Appeal – Countering Nicotine and Tobacco Addiction”। विशेषज्ञों ने तंबाकू उत्पादों के भ्रामक प्रचार और उनकी कृत्रिम आकर्षक छवि पर प्रकाश डालते हुए युवाओं को धूम्रपान एवं अन्य तंबाकू उत्पादों से होने वाले गंभीर स्वास्थ्य जोखिमों के बारे में जागरूक करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
प्रतिभागियों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया
कार्यक्रम के अंतर्गत पल्मोनरी रिहैबिलिटेशन एवं योग का प्रदर्शन भी आयोजित किया गया, जिसमें मरीजों, स्वास्थ्यकर्मियों और अन्य प्रतिभागियों को श्वास संबंधी व्यायाम, शारीरिक गतिविधियों और योग की विभिन्न तकनीकों का प्रदर्शन कर बताया गया। इन अभ्यासों का उद्देश्य फेफड़ों के स्वास्थ्य में सुधार, शारीरिक क्षमता बढ़ाना तथा श्वसन रोगियों के पुनर्वास में सहायता प्रदान करना था। इस सत्र के माध्यम से प्रतिभागियों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम में मरीजों, स्वास्थ्यकर्मियों और विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। यह आयोजन संस्थान की जनस्वास्थ्य जागरूकता और तंबाकू निषेध के प्रति प्रतिबद्धता को पुनः सुदृढ़ करता है।

